नीरज द्विवेदी। Updated, 21 July 2026 18:10 PM IST
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को उनके सरकारी आवास 5, कालिदास मार्ग पर उत्तर प्रदेश कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। बैठक में प्रदेश के बुनियादी ढांचे, महिला सशक्तिकरण, उच्च शिक्षा, परिवहन और अग्निशमन सेवाओं से जुड़े कई बड़े प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट के फैसलों में विंध्य क्षेत्र के लिए नए एक्सप्रेसवे का निर्माण, छात्राओं के लिए रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना, नई रोडवेज बसों की खरीद और विश्वविद्यालयों में भारतीय ज्ञान परंपरा पर शोधपीठ की स्थापना जैसे अहम निर्णय शामिल रहे।
विंध्य एक्सप्रेसवे को मिली मंजूरी, चार जिलों को मिलेगा सीधा लाभ
कैबिनेट ने 333 किलोमीटर लंबे विंध्य एक्सप्रेसवे के निर्माण प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। यह एक्सप्रेसवे छह लेन का होगा, जिसे भविष्य में आठ लेन तक विस्तारित किया जा सकेगा। यह परियोजना प्रयागराज, भदोही, मिर्जापुर और सोनभद्र को सीधे जोड़ेगी, जबकि गाजीपुर, मिर्जापुर और चंदौली के करीब 117 किलोमीटर क्षेत्र को भी बेहतर संपर्क मिलेगा।
यह एक्सप्रेसवे प्रयागराज में गंगा एक्सप्रेसवे के अंतिम बिंदु से शुरू होगा और विंध्य क्षेत्र को तेज, सुरक्षित और आधुनिक सड़क संपर्क उपलब्ध कराएगा। सरकार ने इस परियोजना को 36 महीने में पूरा करने का लक्ष्य तय किया है। निर्माण पर लगभग 18,514 करोड़ रुपये, भूमि अधिग्रहण पर 4,613 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। कुल अनुमानित लागत लगभग 26,315 करोड़ रुपये होगी। सरकार का मानना है कि इससे औद्योगिक निवेश, पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना को मिली मंजूरी
महिला शिक्षा और सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कैबिनेट ने रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना को मंजूरी प्रदान की। योजना के तहत वर्ष 2025-26 में स्नातक उत्तीर्ण करने वाली प्रत्येक संस्थान की टॉप 5 प्रतिशत छात्राओं को स्कूटी दी जाएगी।
यह योजना सरकारी विश्वविद्यालयों, राज्य विश्वविद्यालयों, निजी विश्वविद्यालयों, संबद्ध महाविद्यालयों और स्ववित्तपोषित कॉलेजों की छात्राओं पर लागू होगी। योजना का लाभ उन्हीं छात्राओं को मिलेगा जिनके परिवार की वार्षिक आय 12 लाख रुपये से कम होगी। सरकार स्कूटी का रजिस्ट्रेशन शुल्क, बीमा और वितरण के समय 5 लीटर पेट्रोल भी उपलब्ध कराएगी। स्कूटियों की खरीद GeM पोर्टल के माध्यम से की जाएगी ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहे।
इसके अलावा दिव्यांगजन, निराश्रित और शहीद परिवारों की छात्राओं को भी योजना का लाभ मिलेगा। इन श्रेणियों के लिए मेरिट की अनिवार्यता लागू नहीं होगी।
भारतीय ज्ञान परंपरा को बढ़ावा देने के लिए बनेगी शोधपीठ
नई शिक्षा नीति (NEP-2020) के तहत भारतीय ज्ञान परंपरा को उच्च शिक्षा में बढ़ावा देने के लिए कैबिनेट ने विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में शोधपीठ (Research Chair) स्थापित करने का निर्णय लिया है।
विश्वविद्यालय स्तर पर प्रत्येक पात्र संस्थान को एक करोड़ रुपये का अनुदान दिया जाएगा। यह राशि फिक्स्ड डिपॉजिट के रूप में रखी जाएगी और उससे मिलने वाले ब्याज से शोधपीठ का संचालन किया जाएगा। 50 वर्ष पूरे कर चुके तथा 5,000 से अधिक छात्र संख्या वाले महाविद्यालय भी इस योजना का लाभ प्राप्त कर सकेंगे।
वाराणसी के बसंत महिला महाविद्यालय में बनेगा नया छात्रावास
कैबिनेट ने वाराणसी स्थित बसंत महिला महाविद्यालय में छात्राओं के लिए नए छात्रावास के निर्माण को भी मंजूरी दी है। वर्तमान में संस्थान में केवल एक छात्रावास है। अब 248.30 लाख रुपये की लागत से 112 छात्राओं की क्षमता वाला आधुनिक छात्रावास बनाया जाएगा। यह निर्माण त्वरित आर्थिक विकास योजना के अंतर्गत कराया जाएगा।
आउटसोर्सिंग सेवा निगम को मिलेगी 20 करोड़ रुपये की सहायता
उत्तर प्रदेश आउटसोर्सिंग सेवा निगम के संचालन को मजबूत करने के लिए कैबिनेट ने 20 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता मंजूर की है। यह राशि शून्य ब्याज दर पर उपलब्ध कराई जाएगी। पांच वर्ष बाद इसकी वापसी शुरू होगी और अगले दस वर्षों तक प्रति वर्ष दो करोड़ रुपये की दर से भुगतान किया जाएगा।
रोडवेज बेड़े में शामिल होंगी 220 नई बसें
प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन को बेहतर बनाने के लिए उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम को 220 नई बसें खरीदने की मंजूरी दी गई है। इनमें 50 सीट क्षमता वाली इलेक्ट्रिक बसें और 42 सीट क्षमता वाली अन्य बसें शामिल होंगी। इस योजना के लिए लगभग 400 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। नई बसों के शामिल होने से यात्रियों को अधिक सुरक्षित, आरामदायक और आधुनिक परिवहन सुविधा मिलने की उम्मीद है।
अग्निशमन एवं आपात सेवा को मिलेगा आधुनिक संसाधनों का साथ
कैबिनेट ने अग्निशमन एवं आपात सेवा विभाग को मजबूत करने के लिए नए वाटर टेंडर और फोम टेंडर की खरीद को भी मंजूरी दी है। पुराने और निष्प्रयोज्य वाहनों के स्थान पर आधुनिक अग्निशमन वाहन उपलब्ध कराए जाएंगे, जिससे आगजनी और अन्य आपात स्थितियों में विभाग की कार्यक्षमता और प्रतिक्रिया क्षमता बढ़ेगी।
3 अगस्त से शुरू होगा विधानसभा सत्र
कैबिनेट बैठक में उत्तर प्रदेश विधानसभा का अगला सत्र 3 अगस्त से बुलाने का प्रस्ताव भी स्वीकृत किया गया। प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार विधानसभा सत्र 6 अगस्त तक चलेगा, जिसमें सरकार कई महत्वपूर्ण विधायी और वित्तीय कार्यों को सदन में पेश कर सकती है।
विकास, शिक्षा और महिला सशक्तिकरण पर सरकार का फोकस
योगी सरकार के ताजा कैबिनेट फैसलों से साफ संकेत मिलता है कि प्रदेश में आधारभूत ढांचे के विस्तार, महिला शिक्षा को प्रोत्साहन, उच्च शिक्षा में भारतीय ज्ञान परंपरा के समावेश, सार्वजनिक परिवहन के आधुनिकीकरण और आपात सेवाओं को मजबूत बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। विंध्य एक्सप्रेसवे जैसी महत्वाकांक्षी परियोजना जहां पूर्वांचल और विंध्य क्षेत्र की कनेक्टिविटी को नई दिशा देगी, वहीं स्कूटी योजना हजारों मेधावी छात्राओं को उच्च शिक्षा और आत्मनिर्भरता की ओर आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।




