विद्युत कनेक्शन, बिल सुधार, पेयजल और जलनिकासी की शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश
नीरज द्विवेदी। लखनऊ, 31 अगस्त 2026। नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री श्री ए.के. शर्मा ने सोमवार को अपने आवास पर जनसुनवाई कर प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं। बड़ी संख्या में पहुंचे फरियादियों ने विद्युत कनेक्शन, बिजली बिल में सुधार, पेयजल, जलनिकासी और नगर विकास से जुड़ी समस्याएं मंत्री के समक्ष रखीं।
मंत्री श्री शर्मा ने प्रत्येक फरियादी की समस्या को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को गुणवत्तापूर्ण, पारदर्शी और समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनसुनवाई का उद्देश्य केवल शिकायतें सुनना नहीं, बल्कि उनका प्रभावी समाधान कर आमजन को तत्काल राहत पहुंचाना है।
बिजली संबंधी शिकायतों के समाधान पर जोर
विद्युत विभाग से जुड़ी शिकायतों पर मंत्री ने अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्युत कनेक्शन, बिल सुधार और उपभोक्ता सेवाओं से संबंधित मामलों में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। पात्र लोगों को विभागीय योजनाओं और सेवाओं का लाभ भी आसानी से उपलब्ध कराया जाए।
पेयजल और जलनिकासी व्यवस्था को लेकर निर्देश
पेयजल और जलनिकासी से जुड़ी शिकायतों पर नगर निकायों और संबंधित अधिकारियों को तत्काल आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। मंत्री ने कहा कि जनता को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराना और जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान करना सरकार की प्राथमिकताओं में है।
बारिश के दौरान जलभराव और जलनिकासी की समस्या को देखते हुए उन्होंने अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने और जरूरत वाले क्षेत्रों में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।
‘जनता को कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें’
श्री ए.के. शर्मा ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनता से जुड़े मामलों में पूरी संवेदनशीलता के साथ काम किया जाए और शिकायतकर्ताओं को अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार जनकल्याण और सुशासन के संकल्प के साथ काम कर रही है। आमजन को त्वरित, पारदर्शी और बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। शासन की योजनाओं और विभागीय सेवाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक सुगमता से पहुंचाना अधिकारियों की जिम्मेदारी है।


